राजस्थान हादसा: गोवर्धन की यात्रा पर श्रद्धालुओं की बस खाई में गिरी
अलवर: राजस्थान में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर रफ्तार का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। अलवर जिले के रैणी थाना क्षेत्र में शनिवार सुबह करीब 6 बजे एक और भीषण सड़क हादसा सामने आया है। यहां श्रद्धालुओं से भरी एक तेज रफ्तार बस अचानक बेकाबू होकर एक्सप्रेसवे की सुरक्षा रेलिंग को तोड़ते हुए नीचे खेतों में जाकर पलट गई। इस दर्दनाक हादसे में बस सवार सभी 42 यात्री घायल हो गए, जिनमें से 6 लोगों की हालत बेहद गंभीर बनी हुई है। प्राथमिक उपचार के बाद नाजुक हालत वाले मरीजों को पिनान अस्पताल से जिला अस्पताल अलवर रेफर किया गया है।
नींद की झपकी बनी हादसे की वजह, मप्र से गोवर्धन जा रहे थे श्रद्धालु
शुरुआती जांच और चश्मदीदों के मुताबिक, माना जा रहा है कि अलसुबह चालक को नींद की झपकी आ जाने के कारण वह बस पर से नियंत्रण खो बैठा। यात्री अनिल कुमार गोयल ने बताया कि मध्य प्रदेश के श्योपुर से श्रद्धालुओं का एक जत्था भागवत कथा का आयोजन कराने के लिए गोवर्धन (उत्तर प्रदेश) जा रहा था। इस धार्मिक यात्रा के लिए दो बसों में कुल 80 श्रद्धालु सवार थे। दुर्घटना का शिकार हुई बस (चैनल नंबर 139.600) में 20 महिलाएं, 10 पुरुष और 12 बच्चे सहित कुल 42 लोग सवार थे। हादसे के बाद सहमे हुए यात्रियों ने रुंधे गले से कहा कि यह 'ठाकुर जी' की ही विशेष कृपा थी कि इतनी बड़ी दुर्घटना में सभी की जान बच गई।
तेज धमाके के साथ खुली आंख, चारों तरफ मची चीख-पुकार
शनिवार सुबह जब यह हादसा हुआ, उस समय बस में सवार अधिकांश यात्री गहरी नींद में थे। अचानक एक जोरदार धमाके के साथ बस पलटी और सवारियों की आंखें खुलीं, तो उन्होंने खुद को सीटों के बीच दबा और खून से लथपथ पाया। देखते ही देखते मौके पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी मच गई। बस के भीतर फंसे असहाय लोग बाहर निकलने के लिए जद्दोजहद करने लगे। राहगीरों की सूचना पर रैणी थाना प्रभारी बने सिंह मीणा तुरंत पुलिस बल और एंबुलेंस के साथ मौके पर पहुंचे।
स्थानीय लोगों और पुलिस ने चलाया रेस्क्यू ऑपरेशन, घायलों को निकाला बाहर
थाना प्रभारी बने सिंह मीणा ने खुद कमान संभालते हुए स्थानीय ग्रामीणों की मदद से तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू किया। पुलिस और ग्रामीणों ने कड़ी मशक्कत कर बस के शीशे और गेट तोड़कर भीतर फंसे बच्चों, महिलाओं और पुरुषों को बाहर निकाला। सभी घायलों को तुरंत एंबुलेंस की मदद से पिनान के नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां डॉक्टरों की टीम राहत कार्य में जुट गई।
इन चार यात्रियों की हालत बनी हुई है अत्यंत गंभीर
अलवर जिला अस्पताल के डॉक्टरों के अनुसार, रेफर होकर आए 6 गंभीर घायलों में से 2 की स्थिति में सुधार है, लेकिन 4 यात्रियों की हालत अभी भी अत्यंत नाजुक बनी हुई है। गंभीर रूप से घायलों में सवाई माधोपुर निवासी 63 वर्षीय गीता (पत्नी हरिशंकर), गंगापुर सिटी निवासी 57 वर्षीय ललिता (पत्नी ओमप्रकाश), खंडार (सवाई माधोपुर) निवासी 55 वर्षीय विमला (पत्नी छारुलाल) और खंडार निवासी 62 वर्षीय हरिशंकर (पुत्र गुलाबचंद) शामिल हैं। पुलिस प्रशासन घायलों के इलाज पर नजर बनाए हुए है और दुर्घटना के सही कारणों की विस्तृत जांच कर रहा है।


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