दरभंगा। बिहार के दरभंगा जिले के पतोर थाना क्षेत्र के चंदनपट्टी गांव से एक रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई है। यहाँ पारिवारिक कलह के चलते एक सनकी पति ने क्रूरता की सारी हदें पार करते हुए अपनी पत्नी और तीन मासूम बच्चों पर जानलेवा हमला बोल दिया। इस दिल दहला देने वाले हमले में पत्नी और दो बच्चों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई, जबकि एक बच्चा जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहा है। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी ने खुद को भी चोट पहुंचाई। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए डीएमसीएच ($DMCH$) भेज दिया है, वहीं आरोपी को हिरासत में लेकर अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

मुर्गा फार्म में काम करता था आरोपी, सुबह हुआ था विवाद

जानकारी के अनुसार, मुख्य आरोपी संदीप दास अपने परिवार के साथ चंदनपट्टी स्थित एक पोल्ट्री फार्म (मुर्गा फार्म) में मजदूरी का काम करता था। वह मूल रूप से पश्चिम बंगाल के दालकोला जिला अंतर्गत कुंडी थाना क्षेत्र का रहने वाला था। मंगलवार की सुबह किसी घरेलू बात को लेकर पति-पत्नी के बीच बहस शुरू हुई थी। देखते ही देखते संदीप के सिर पर खून सवार हो गया और उसने पास में रखे डंडे और लोहे की भारी रॉड से अपनी पत्नी फूल कुमारी दास (30 वर्ष), सात साल के बेटे ह्रदय दास और छह साल की बेटी संध्या दास पर ताबड़तोड़ वार कर दिए।

मां और दो भाई-बहनों की मौके पर मौत, 5 साल का मासूम वेंटिलेटर पर

लोहे की रॉड से किए गए वार इतने जोरदार थे कि फूल कुमारी और उसके दो मासूम बच्चों (ह्रदय और संध्या) ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। इस हमले में उनका पांच साल का छोटा बेटा सोन दास गंभीर रूप से जख्मी हो गया, जिसका इलाज फिलहाल अस्पताल में चल रहा है और उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। मृत बच्चों के मामा मंगू दास ने बताया कि सुबह मामूली कहासुनी हुई थी, लेकिन कोई नहीं जानता था कि संदीप इतना खौफनाक कदम उठा लेगा। इस तिहरे हत्याकांड के बाद से पूरे इलाके में सन्नाटा और दहशत का माहौल है।

पुलिस ने आरोपी को दबोचा, जांच के लिए बुलाई गई FSL की टीम

चीख-पुकार सुनकर आस-पास के लोग इकट्ठा हुए और तुरंत स्थानीय पुलिस को मामले की जानकारी दी। पतोर थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए लहूलुहान हालत में मौजूद आरोपी पति को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया। घटना की संवेदनशीलता और क्रूरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी ($FSL$) की विशेष टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया। एफएसएल की टीम ने मौके से खून से सने हथियार और अन्य अहम साक्ष्य जुटाए हैं। पुलिस मामले की गहनता से तफ्तीश कर रही है कि आखिर इस खूनी खेल के पीछे की मुख्य वजह क्या थी।