खरीदी में देरी बनी मुद्दा, किसानों ने दी आंदोलन की चेतावनी
लुधियाना। केंद्र की एजेंसियों द्वारा पंजाब में गेहूं की खरीद ठप होने के विरोध में आजाद किसान मोर्चा (एकेएम ) ने बड़ा आंदोलन करने का ऐलान किया है। मोर्चे के वरिष्ठ नेताओं सुख गिल मोगा, सतनाम सिंह हरिके, जसबीर सिंह आहलूवालिया, परमजीत सिंह जब्बोवाल और नछत्तर सिंह ने कहा कि किसानों के साथ हो रहे अन्याय के खिलाफ 17 अप्रैल को दोपहर 12 बजे से 3 बजे तक पूरे पंजाब में रेलों का चक्का जाम किया जाएगा।
नेताओं ने बताया कि यह प्रदर्शन किसान मजदूर मोर्चा (केएमएम) और संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) से जुड़ी विभिन्न किसान संगठनों के संयुक्त सहयोग से किया जाएगा। इस दौरान राज्यभर में शांतिपूर्ण तरीके से रेल यातायात रोककर सरकार तक किसानों की आवाज पहुंचाई जाएगी। सुख गिल मोगा ने कहा कि गेहूं की खरीद में हो रही देरी के कारण किसानों को मंडियों में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय एजेंसियों की लापरवाही के चलते अनाज मंडियों में पड़ा है, जिससे किसान आर्थिक और मानसिक रूप से प्रभावित हो रहे हैं। किसान नेताओं ने केंद्र और पंजाब सरकार से मांग की कि गेहूं की खरीद तुरंत शुरू की जाए, ताकि किसानों को नुकसान से बचाया जा सके। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा। मोर्चे ने किसानों से अपील की है कि वे बड़ी संख्या में इस प्रदर्शन में शामिल होकर इसे सफल बनाएं, ताकि मंडियों में पड़ी गेहूं की फसल को खराब होने से बचाया जा सके और सरकारों को सबक सिखाया जा सके। इस मौके पर विभिन्न किसान संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे, जिनमें बीकेयू, पंजाब किसान यूनियन, बाढ़ पीड़ित किसान संघर्ष कमेटी, भारतीय किसान मजदूर यूनियन समेत कई जत्थेबंदियों के नेता शामिल थे।


राशिफल 22 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
किसान अब उन्नत तकनीक की ओर अग्रसर, पैडी ट्रांसप्लांटर विधि से धान रोपाई
मध्यप्रदेश पुलिस का नशे के विरुद्ध सख्त प्रहार
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम सामाजिक न्याय की सबसे बड़ी गारंटी : खाद्य मंत्री राजपूत
अपनी मेहनत और समर्पण से बड़वानी बन रहा देश में कृषि, उद्यमिता एवं नवाचार का उदाहरण : मुख्यमंत्री डॉ. यादव


